मेरी यादों में आ जाओ (गीत)
मेरी यादों में आ जाओ (गीत) तेरी मुहब्बत में मुठभेड़ किए अपने जिस्म को तेरे हुस्न में जलाया हैं। तब जाके कहीं तेरा प्यार पाकर तेरा नाम अपने होंठो पर सजाया हैं। ए मेरी जां अफ़सोस न कर , मैं तुझको लेने आऊँगा। जो मधु से मधुर हैं प्रेम तेरा, मैं उसको दिल से अपनाऊँगा। ए मेरी जां तू खुशहाल रहे, मैं तुझको दिल से पाया है। अब जिक्र न कर किसी ओर की, जो दिल में तुझे बसाया है। मेरी यादों में आ जाओ, थोड़ा मुखड़ा तो दिखलाओ, इतनी सी हैं दिल की आरज़ू। मेरे दिल को तू बहलाओ उसको तू समझाओ इतनी सी है दिल की आरज़ू खुशियों से भरे जो दामन तेरे कोई ऐसी मखणा पा न सका फ़िज़ूल रहा वो वक्त मेरा, जो तेरे पास न जा सका। वो महबूब मेरे, महबूब मेरे तेरा मेरा इश्क प्यारा है। मैं हूँ तेरा सागर तो.. तो तू मेरा किनारा हैं। मेरी यादों में आ जाओ थोड़ा मुखड़ा तो दिखलाओ इतनी सी है दिल की आरज़ू मेरे दिल को तू बहलाओ उसको तू समझाओ इतनी सी हैं दिल की आरज़ू हे जान मेरी तू मुस्काती रहे तेरी मुस्कान कभी भी कम ना हो छूटे न कभी तुझसे प्यार मेरा, तुझे कभी भी ग़म ना हो। हे माशूका मेरी तू इन्तजार न कर मैं तेरी गलियों में आ ऊँगा...